मुझसे मिले....

Blogger द्वारा संचालित.

Popular Posts

.

यूँ पलट जाये जिन्दगी तो क्या बात है -- शिव जांगिड....

किताबो के पन्ने पलट के सोचते है, 
यूँ पलट जाये जिन्दगी तो क्या बात है ! 
तमन्ना जो पूरी हो ख्वाब में,  
हकीक़त बन जाये तो क्या बात है !
कुछ लोग मतलब के लिए ढूंढते है मुझे,
बिन मतलब कोई आये तो क्या बात है ! 
क़त्ल करके तो कोई ले जायेगा दिल मेरा,
कोई बातों से ले जाये तो क्या बात है !
जो शरीफों की शराफत में ना हो ,
इक शराबी कह जाये तो क्या बात है ! 
जिन्दा रहने तक तो ख़ुशी दूंगा सबको,
किसी को मेरी मौत से ख़ुशी मिले तो क्या बात है ! 
 

Comments :

0 टिप्पणियाँ to “यूँ पलट जाये जिन्दगी तो क्या बात है -- शिव जांगिड....”